Spread the love
IMG-20250625-WA0014__01
PlayPause
previous arrow
next arrow

आष्टा। नगर का संगम मंदिर जो कि नगर के श्रद्धालुओं के लिए आस्था का केन्द्र बिंदु तो है ही, वहीं नगर की प्राचीन धरोहरों में से एक यह मंदिर है। नगरपालिका द्वारा पूर्व में भी इस मंदिर में विराजित भगवान पशुपतिनाथ जी के दर्शन करने आने वाले श्रद्धालुओं के लिए रोड़ सहित अन्य कार्य कराए गए है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए एवं मंदिर की सुरक्षा हेतु पूर्व में बाउंड्रीवाल का निर्माण कर मंदिर को सुदृढ़ बनाया गया । अब नगरपालिका द्वारा उस क्षैत्र में कांक्रीटीकरण कार्य करा रही है।

इस आशय के विचार नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा ने वार्ड क्रमांक 18 स्थित संगम मंदिर में चल रहे कांक्रीटीकरण कार्य के निरीक्षण अवसर पर व्यक्त किए। नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा ने जानकारी देते हुए बताया कि नगर के सैकड़ों श्रद्धालुओं का प्रतिदिन भगवान पशुपतिनाथ जी के दर्शनार्थ आवागमन लगा रहता है। मंदिर परिसर में बैठने के लिए स्थान का अभाव था, अब नगरपालिका द्वारा मंदिर के कच्चे भाग पर कांक्रीटीकरण कार्य कराकर समतलीकरण किया जा रहा है।

जिससे श्रद्धालुओं को बैठने एवं अन्य धार्मिक गतिविधियां संचालित करने के लिए व्यवस्थित पर्याप्त स्थान हो सकेगा। उक्त कांक्रीटीकरण का कार्य लगभग 5 लाख रूपये की लागत से पूर्ण होगा। निरीक्षण के दौरान नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा के साथ पार्षद रवि शर्मा, सहायक यंत्री आकाश गोयतर, उपयंत्री अनिल धुर्वे, सुभाष सिसौदिया, मनोहर विश्वकर्मा, सुशील पांचाल, गगन तिवारी, राम सोनी आदि मौजूद थे।

You missed

error: Content is protected !!